Breaking News :

Asha Bhosle: मशहूर सिंगर आशा भोसले की तबीयत बिगड़ी, ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती

US-Iran War Ceasefire News : ईरान-अमेरिका के बीच इस्लामाबाद में वार्ता शुरूअमेरिकी उप राष्ट्रपति वेंस और ईरानी डेलिगेशन से अलग-अलग मिले पाकिस्तानी पीएम

बच्ची को किया अगवा कर दरिंदे ने बनाया हवस का शिकार; खून से लथपथ हालत में मिली मासूम

जामनगर : वंतारा ने लॉन्च की दुनिया की पहली वैश्विक वन्यजीव और पशु चिकित्सा विश्वविद्यालय

ईरान संकट के बीच 312 भारतीय मछुआरों की वतन वापसी

प्रधानमंत्री मोदी के दौरे से पहले देहरादून में ISI एजेंट गिरफ्तार, दिल्ली तक स्लीपर सेल फैलाने की साजिश नाकाम

लौकी को ऐसे बनाये तो बच्चे मांग मांग कर खाएंगे

देहरादून से वाराणसी, प्रयागराज और अयोध्या के लिए नियमित उड़ान सेवा होगी शुरू

भारत ने ईरान को भेजा चिकित्सा सहायता खेप , ईरानी राजदूत ने जताया आभार

सीएम डैशबोर्ड की मार्च की रिपोर्ट में हमीरपुर पहले, बरेली दूसरे और रामपुर तीसरे स्थान पर

Parquet Courts on Resisting Nihilism & Why Tourism in Dubai is booming the world.

Parquet Courts on Resisting Nihilism & Why Tourism in Dubai is booming the world.

Saturday, 11 April 2026

ईरान संकट के बीच 312 भारतीय मछुआरों की वतन वापसी

विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर फिलहाल संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के दो दिवसीय दौरे पर हैं. इस दौरान उन्होंने ट्वीट किया, “ईरान से 312 और भारतीय मछुआरों को आर्मेनिया के रास्ते सुरक्षित भारत लाया गया.”


इसके लिए उन्होंने आर्मेनिया के सरकार का आभार भी जताया.



नई दिल्ली से बड़ी राहत भरी खबर सामने आई है। एस. जयशंकर ने बताया कि ईरान में फंसे 312 भारतीय मछुआरों को सुरक्षित भारत वापस लाया गया है। इन मछुआरों को आर्मेनिया के रास्ते निकाला गया। जयशंकर ने इस मदद के लिए आर्मेनिया सरकार और अपने समकक्ष अरारात मिर्ज़ोयान का धन्यवाद किया। इससे पहले भी भारत सरकार ने लगातार प्रयास करके ईरान से अपने नागरिकों को निकालने का काम जारी रखा है। जानकारी के मुताबिक, अब तक 1200 से ज्यादा भारतीयों को सुरक्षित निकाला जा चुका है।


 


सरकारी आंकड़ों के अनुसार, इनमें से 996 लोगों को आर्मेनिया और 204 लोगों को अज़रबैजान के जरिए बाहर निकाला गया। इनमें बड़ी संख्या छात्रों की भी है। पीयूष गोयल ने इस वापसी को “खुशी का दिन” बताया। उन्होंने कहा कि यह मछुआरे लंबे और मुश्किल सफर के बाद अपने घर लौटे हैं, जिसमें उन्हें करीब 20 घंटे की यात्रा करनी पड़ी। विदेश मंत्रालय (MEA) के अधिकारियों ने इस पूरे ऑपरेशन में दिन-रात काम किया और जमीनी स्तर पर समन्वय बनाकर यह मिशन सफल बनाया।


Read Previous

Samsung goes big in India factory ever created

Read Next

Samsung goes big in India factory ever created

Add Comment

Sign up for the Newsletter

Join our newsletter and get updates in your inbox. We won’t spam you and we respect your privacy.